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ठोस कचरा प्रबंधन पर डीसी ने ली नप अधिकारियों की बैठक

ठोस कचरा प्रबंधन पर डीसी ने ली नप अधिकारियों की बैठक

ठोस कचरा प्रबंधन पर डीसी ने ली नप अधिकारियों की बैठक
-स्वच्छता पर विशेष फोकस दें अधिकारी  जगदीश शर्मा
त्रिभुवन वर्मा द्वारा :
नारनौल, 7 नवंबर 2019। :उपायुक्त जगदीश शर्मा ने जिला के अंतर्गत आने वाली सभी नगर परिषद व पालिका सचिवों को स्वच्छता पर विशेष फोकस करने के निर्देश दिए हैं। श्री शर्मा वीरवार को लघु सचिवालय के मीटिंग हॉल में ठोस कचरा प्रबंधन के संबंध में अधिकारियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि स्वच्छता के मामले में किसी भी तरह की कोताही को सहन नहीं की जाएगी। वे खुद स्वच्छता के कार्यों का निरीक्षण करेंगे। उपायुक्त ने एक-एक करके सभी नगर परिषद व पालिका सचिवों से घर-घर से कूड़ा उठाने के बारे में रिपोर्ट ली।
उन्होंने कहा कि वायु प्रदूषण को लेकर सर्वोच्च न्यायालय ने अपनी नाराजगी जाहिर की है। ऐसे में कहीं पर भी कूड़ा एकत्रित करके उसमें आग नहीं लगानी चाहिए। उन्होंने कहा कि अधिकारियों का यह दायित्व बनता है कि अगर कार्यालय अथवा घरों के आसपास कोई भी व्यक्ति कूड़े में आग लगाकर प्रदूषण फैलाने का काम करता है तो उसे समझाया जाए। अगर एक बार समझाने के बाद भी कोई नहीं मानता है तो ऐसे लोगों के खिलाफ  जुर्माने का प्रावधान भी किया गया है।
उपायुक्त ने सभी सचिवों को शिकायत निवारण व्यवस्था को मजबूती प्रदान करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने सभी पालिका सचिवों को निर्देश दिए कि नेशनल ग्रीन ट्रियूनल की गाइडलाइन के अनुसार सभी 18 बिंदुओं का प्रोफोर्मा भरकर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। जगदीश शर्मा ने कहा कि प्लास्टिक प्रयोग को लेकर सरकार एकदम गंभीर है इसलिए सभी परिषद व पालिका सचिव अपने.अपने क्षेत्रों में पॉलिथिन रखने वाले लोगों के खिलाफ  कार्रवाई करते हुए उनके चालान काटें।
उन्होंने सभी सचिवों से अब तक काटे गए चालान के बारे में भी रिपोर्ट ली। ऑर्गेनिक कूड़े के निष्पादन के लिए निर्देश जारी करते हुए जगदीश शर्मा ने कहा कि सभी कॉलेज व स्कूलों में डंपिंग प्वाइंट बनाए जाएं ताकि ऑर्गेनिक कूड़े का सही ढंग से निष्पादन किया जा सके। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों के वेस्ट को निर्धारित साइट पर ही डाला जाए। उन्होंने केंद्रीय विश्वविद्यालय के अधिकारियों को ठोस कचरा प्रबंधन में संबंधित नगर पालिकाओं की तकनीकी सहायता करने के लिए निर्देश जारी किए।
इसके बाद आईटीआई अप्रेंटिस के संबंध में ली बैठक में उपायुक्त ने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिए कि वह अपने-अपने कार्यालयों में निर्धारित अनुपात के मुताबिक आईटीआई अप्रेंटिस की लगाएं।